पर्यावरण एवं उद्योगों के खिलाफ कार्य करने पर धरमजयगढ़ पुलिस बनाती हिस्ट्रीशीट गुंडा बदमाश
धरमजयगढ़ :- बायसी कालोनी के निवासी सजल मधु ने कहा कि ग्राम पंचायत बायसी कालोनी 2010/11 में प्रस्तावित भारत एल्युमिनियम कंपनी एवं डी पॉवर के ओपन कोल ब्लॉक प्रस्तावित था,दोनों कंपनी के खिलाफ ग्रामीणों के साथ मिलकर संविधान के तहत रैली जुलूस के साथ विरोध का स्वर ऊंचा करते देखे गए थे,सजल मधु के द्वारा डी. बी.पॉवर एवं भारत एल्युमिनियम कंपनी के खिलाफ दिल्ली एवं एन.जी. टी.भोपाल दोनों कोल ब्लॉक के खिलाफ याचिका दायर किया था, वही डी.बी.पॉवर के खिलाफ हाईकोर्ट में भी याचिका दायर किया था,जिससे कंपनी को भारी नुकसान का सामना करना पर रहा था,इन दोनों कंपनियों के खिलाफ लगातार ग्रामीणों के साथ मिलकर आंदोलन को तेज करने का काम करते देखे जाते थे, प्रस्तावित कंपनियों द्वारा लगातार उन्हें पैसों का प्रलोभन दिया गया परंतु जब पैसे से सेटिंग नहीं हुआ तो उद्योगों द्वारा पुलिस का सहारा लेते हुए तत्कालीन थाना प्रभारी एच.पी.सिंह एवं सऊनि.जी.पी.बंजारे द्वारा मिलकर मात्र एक 2011 में 6 केस दर्ज किए जिसमें क्रमशः केस 38/11 धारा 147,148,149,452,323,427,336,ता०ही०22/11 धारा 294,506,34 ता०ही० 202/11धारा 294,506,323,34 ता ०ही० 272/11,277/11 दोनों का धारा 107,116(3)जा०फो.2/12 इस्तगासा धारा 110 जा.फो.तत्कालीन थाना प्रभारी द्वारा दिनांक 12 अप्रैल 2012 को पुलिस अधीक्षक को गुंडा बदमाश में शामिल करने का आवेदन प्रस्तुत किया,पश्चात तत्कालीन जिला पुलिस अधीक्षक ने 19 अप्रैल 2012 को हिस्ट्रीशीट गुंडा बदमाश का आदेश पारित करते हुए लिस्ट में शामिल किया।
तत्कालीन थाना प्रभारी ने फर्जी मामला दर्ज कर बनाया आरोपी सूचना का अधिकार में हुआ खुलासा
सजल मधु ने कहा कि जब उन्हें हिस्ट्रीशीट गुंडा बदमाश लिस्ट में शामिल किया गया पश्चात सजल मधु स्वयं सूचना का अधिकार का सहारा लेते हुए तत्कालीन जन सूचना अधिकारी थाना प्रभारी को आवेदन प्रस्तुत कर जानकारी मांगा,पश्चात धरमजयगढ़ पुलिस थाना द्वारा जानकारी प्रदाय किया गया,अवलोकन पश्चात पाया गया कि दिनांक 22 फरवरी 2011 को संजय तिर्की जनपद पंचायत अध्यक्ष और अन्य 150 के खिलाफ धारा 38/11 धारा 147,148,149,452,323,427,336,ता०ही० के तहत मामला दर्ज किया इस मामले को लेकर तत्कालीन थाना प्रभारी एच.पी.सिंह.द्वारा मामले को कोर्ट में पेश करने जिक्र करते हुए तारीख का भी उल्लेख किया गया 02/12 इस्तगासा धारा 110 जा.फौ.का मामले को भी 11 जनवरी 2012 को पुलिस थाना धरमजयगढ़ द्वारा चालान पेश किया गया,सजल मधु ने कहा कि उन पर लगाए गए धाराओं पर न आज कोई नोटिस दिया न कोई सूचना यह खुलासा सूचना का अधिकार के तहत धरमजयगढ़ पुलिस द्वारा दिए गए जानकारी स्पष्ट होने की बात कही।
पीड़ित पहुंचा हाईकोर्ट,आदेश का नहीं हुआ पालन
सजल मधु द्वारा सूचना का अधिकार का सहारा लेते हुए धरमजयगढ़ पुलिस थाना से खुद अपने नाम से रिपोर्ट के सभी दस्तावेज निकल कर तत्कालीन थाना प्रभारी एच.पी.सिंह और सउनि जी.पी. बंजारे के खिलाफ हाईकोट में 21अक्टूबर 2021 को एक याचिका दायर किया केस नंबर WPCR NO.668 OF 2021 जिसमें हाईकोर्ट ने महत्वपूर्ण 10 विभाग को नोटिस जारी कर जवाब मांगा गया था,जिसमें तत्कालीन छत्तीसगढ़ राज्य मुख्य सचिव, मंत्रालय, नया रायपुर, छत्तीसगढ़,सचिव गृह विभाग,मंत्रालय, नया रायपुर, छत्तीसगढ़,कलेक्टर, रायगढ़ जिला रायगढ़, छत्तीसगढ़,अनुविभागीय दंडाधिकारी धरमजयगढ़, जिला रायगढ़, छत्तीसगढ़,तहसीलदार धरमजयगढ़, जिला रायगढ़, छत्तीसगढ़,पुलिस अधीक्षक रायगढ़, जिला रायगढ़,छत्तीसगढ़,अनुविभागीय अधिकारी पुलिस धरमजयगढ़, जिला रायगढ़, छत्तीसगढ़,थाना प्रभारी थाना धरमजयगढ़, जिला रायगढ़, छत्तीसगढ़,एच.पी.सिंह पूर्व थाना प्रभारी, थाना धरमजयगढ़, जिला रायगढ़, छत्तीसगढ़,जी.पी. बंजारे वर्तमान थाना प्रभारी, खरसिया, चौकी प्रभारी, जिला रायगढ़, छत्तीसगढ़ पश्चात मामले को लेकर हाईकोर्ट ने दिनांक 3 जुलाई 2023 को आदेश पारित करते हुए पीड़ित को पुलिस अधीक्षक कार्यालय में आदेश का नकल के साथ पत्र से सभी दस्तावे लगाकर 654 के तहत हिस्ट्रीशीट गुंडा बदमाश हटाने का आवेदन प्रस्तुत करने का आदेश जारी किया गया था,पश्चात पीड़ित द्वारा रायगढ़ पुलिस अधीक्षक को सभी दस्तावेज लगाकर हिस्ट्रीशीट खत्म करने का निवेदन किया गया परंतु आज दो साल बीत जाने के बावजूद रायगढ़ जिला पुलिस अधीक्षक द्वारा न हाईकोर्ट को कोई जवाब दिया न अब तक पीड़ित को कोई न्याय मिला।
पर्यावरण एवं हाथी संरक्षण जागरूकता के लिए दिल्ली से मिला सम्मान
रायगढ़ जिला के सजल मधु द्वारा धरमजयगढ़ आदिवासी क्षेत्र में लगातार पर्यावरण एवं हाथियों के संरक्षण के लिए हाथी सबका साथी के बैनर तले लगातार प्रोजेक्ट के माध्यम से चल चित्र दिखाकर ग्रामीणों को हाथियों से बचने तथा हाथियों के संरक्षण को लेकर गांव गांव में जागरूक करने का काम करते आ रहा है,जिसको लेकर दिल्ली में 2017 में सजल मधु को नीलकंठ सम्मान से नमाजा गया,और वर्तमान में हिस्ट्रीशीट गुंडा बदमाश की खबर को लेकर समाज के पदाधिकारियों में रोष व्यक्त है,जल्द समाज में बैठक कर ठोस निर्णय लेने की बात कर रहे है।
पीड़ित फिर लेगा हाईकोर्ट का शरण,13 साल से कोई केस नहीं फिर भी नहीं हटा हिस्ट्रीशीट से नाम
धरमजयगढ़ पुलिस ने सजल मधु के खिलाफ मात्र एक साल में 6 मामला दर्ज किया जिसमें तत्कालीन डी.बी.पॉवर के कर्मचारियों द्वारा 3 केस दर्ज किया गया, धरमजयगढ़ पुलिस द्वारा डी.बी.पवार के कर्मचारियों के द्वारा लगाए गए केस का हवाला देते हुए धरमजयगढ़ पुलिस ने 107,116 3 जा.फो.और 110 जा.फो.का 3 केश दर्ज करते हुए तत्कालीन थाना प्रभारी ने हिस्ट्रीशीट गुंडा बदमाश में शामिल कर दिया,सजल मधु ने कहा कि कंपनी के कर्मचारी द्वारा लगाए गए झूठे केस को लेकर कई साल तक न्यायालय का चक्कर लगाना पड़ा पश्चात न्यायालय का आदेश पीड़ित के पक्ष में फैसला आया जिसमें 202/11 धारा 294,506,323,24 ता.ही.के में बड़ी करने का फैसला सुनवाया,वही दूसरा केस 22/11 धारा 294,506,34 ता.ही. केस न्यायालय से राजीनामा कर खत्म किया गया,और तीसरा केस 38/11 धारा 147,148,149,452,323,427,336 ता.हि.संजय तिर्की अन्य 150 के नाम मामले को धरमजयगढ़ पुलिस ने 31 दिसंबर 2012 को खात्मा किया ,वर्तमान में पूरा केस को देखा जाय तो तीन केस खत्म हो चुके हैं,बचे तीन केस जिसमें दो केस 107,116 3 जा.फो.तहसील कोर्ट में बांड भराया गया अंतिम केस 2/12 इस्तगासा 110 जा.फो. उक्त केस का पीड़ित को न कभी नोटिस दिया न कभी सूचना और न कभी कोर्ट में पेश किया गया,ऐसे में पीड़ित दुबारा हाईकोर्ट का शरण लेने को मजबूर होना पड़ रहा है।



